Advertisements

दोस्तो, स्वागत है आपका हमारे ब्लॉग पर। दोस्तो, यह तो सब जानते हैं कि आम फलों का राजा होता है, मगर फलों की रानी कौन है? कोई इमली का नाम लेता है तो कोई अंगूर को रानी बताता है। आज हम फलों के राजा की नहीं बल्कि रानी की बात करेंगे जिसे वैज्ञानिकों ने भी फलों की रानी माना है और इसका नाम है “लीची”लीची को उसकी अद्भुत मिठास और मनभावन सुगन्ध के कारण फलों की रानी माना जाता है। इसकी सबसे बड़ी विशेषता है कि यह खुद “गर्म” है (तासीर गर्म) परन्तु औरों की “ठंडक” पहुंचाती है यानी एक प्रकार से परोपकार की भावना। विटामिन-सी का भरपूर स्रोत, प्रोटीन और अनेक खनिजों से समृद्ध लीची खाने के बहुत फायदे होते हैं, मगर क्या? दोस्तो, यही है हमारा आज का टॉपिक “लीची खाने के फायदे”। देसी हैल्थ क्लब इस आर्टिकल के माध्यम से आज आपको लीची के बारे में विस्तार से जानकारी देगा और यह भी बतायेगा कि लीची खाने के क्या फायदे होते हैं। तो, सबसे पहले जानते हैं कि लीची क्या है और लीची की खेती कहां होती है। फिर इसके बाद बाकी बिन्दुओं पर जानकारी देंगे।

Advertisements
लीची खाने के फायदे
Advertisements

लीची क्या है? – What is Litchi

दोस्तो, लीची एक स्वादिष्ट और मनमोहक सुगन्ध लिये बेहद मीठा फल है जो गर्मियों में बाजार में आता है। यह ऊष्णकटिबन्धीय फल है, इसका वैज्ञानिक नाम लीची चिनेन्सिस (Litchi Chinensis) है और यह सोपबैरी (Soapberry) कुल से है। लीची के वृक्ष की ऊंचाई 15-20 मीटर तक होती है और इसकी पत्तियां लगभग 15-25 सेंटीमीटर तक लंबी हो सकती हैं। लीची का आकार गोल, अंडाकार या दिल के आकार का होता है और डायमीटर 2.0 से 3.5 सेंटीमीटर तक का होता है। 

Advertisements

बाहर से यह खुरदरी होती है और रंग गुलाबी-लाल, हल्का लाल या बैंगनी-लाल हो सकता है। इसका छिलका पतला व नरम होता है जिसे छीलने पर अंदर से दूधिया सफेद गूदा दिखाई देता है। यही गूदा खाने लायक होता है और इसी को वास्तव में लीची कहते हैं। गूदे के अंदर बहुत मोटा बीज निकलता है जो विषाक्त होता है। एनसीबीआई की वेबसाइट पर एक रिसर्च के अनुसार लीची के बीच में मिथाइलीन साइक्लोप्रोपाइल-ऐलेनिन (Methylene cyclopropyl-alanine) नामक तत्व मौजूद होते हैं, जो लीची के बीज को विषाक्त बनाते हैं।

लीची की खेती कहां होती है? – Where is Litchi Cultivated?:

1. लीची की जन्मस्थली चीन है। चीन में 4,000 से भी अधिक वर्षों से लीची फल की खेती की जा रही है और सबसे पहले इसे चीन में ही उगाया गया था। आज भी चीन लीची उत्पादन में विश्व में प्रथम स्थान पर है। 

2. चीन के अतिरिक्त, भारत, नेपाल, मैडागास्कर, बांग्लादेश, पाकिस्तान, दक्षिण ताइवान, उत्तरी वियतनाम, इंडोनेशिया, थाईलैंड, दक्षिणी जापान, फिलीपींस, दक्षिण अफ्रीका, ऑस्ट्रेलिया, मॉरीशस आदि देशों में लीची की खेती की जाती है। 

Advertisements

3. भारत, लीची उत्पादन में विश्व में दूसरे स्थान पर है। भारत के बिहार राज्य में लीची की सबसे अधिक खेती की जाती है। बिहार के अतिरिक्त पश्चिम बंगाल, उत्तराखंड, झारखंड, उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, असम और त्रिपुरा आदि राज्यों में भी लीची की खेती की जाती है। 

लीची के गुण – Properties of Litchi

1. लीची की तासीर गर्म होती है।

2. लीची का स्वाद मीठा होता है।

3. लीची में एंटीऑक्सीडेंट, एंटीओबेसिटी, एंटीइन्फ्लेमेटरी, एंटीकैंसर आदि गुण होते हैं। 

4. लीची में विटामिन-सी, विटामिन-बी6, नियासिन, राइबोफ्लेविन, फोलेट, कॉपर, पोटेशियम, फॉस्फोरस, मैग्निशियम आदि खनिज से मौजूद होते हैं जो शरीर और पेट को ठंडक देते हैं।

लीची के पोषक तत्व  (मात्रा 100 ग्राम लीची का गूदा)

ऊर्जा                           66 केसीएल

पानी                            81.76 ग्राम

प्रोटीन                          0.83 ग्रा.

फैट                             0.44 ग्रा.

शुगर                           15.23 ग्रा.

कार्बोहाइड्रेट           16.53 ग्रा.

फाइबर                   1.3 ग्रा. 

फोलेट                   14 मि.ग्रा.

पोटेशियम                   171 मि.ग्रा.

सोडियम                   1 मि.ग्रा.

कैल्शियम                   5 मि.ग्रा.

कॉपर                   0.148 मि.ग्रा.

आयरन                   0.31 मि.ग्रा.

फास्फोरस                   31 मि.ग्रा.

मैग्नीशियम                 10 मि.ग्रा.

मैगनीज                 0.055 मि.ग्रा.

जिंक                         0.07 मि.ग्रा.

सेलेनियम                   0.6  माइक्रो ग्रा.

नियासिन                     0.603 मि.ग्रा.

राइबोफ्लेविन           0.065 मि.ग्रा. 

थीमिन                         0.011 मि.ग्रा.

विटामिन-सी           71.5 मि.ग्रा.

विटामिन-ई                   0.07 मि.ग्रा.

विटामिन-बी6           0.1 मि.ग्रा.

विटामिन-के           0.4 माइक्रो ग्रा.

ये भी पढ़े- विटामिन -बी के फायदे

लीची का उपयोग – Use of Litchi

लीची का निम्नलिखित रूप में सेवन कर सकते हैं –

1. लीची को ऐसे ही छील कर, गूदा निकालकर फल के रूप में खा सकते हैं।

2. लीची को दूसरे फलों के साथ मिक्स करके फ्रूट सलाद के रूप में भी खा सकते हैं।

3. लीची की आइसक्रीम बनाकर खा सकते हैं।

4. लीची का जूस निकालकर पी सकते हैं। 

5. लीची को हलुआ में भी डाल सकते हैं।

6. लीची को खीर में भी डाल सकते हैं।

लीची खाने का सही समय – Right Time to Eat Litchi 

1. रात को छोड़कर लीची आप सुबह, दोपहर और शाम कभी भी खा सकते हैं। 

2. रात में लीची खाने से पेट फूल सकता है, इसलिये रात को लीची ना खाने की सलाह दी जाती है।

लीची कितनी खानी चाहिये? – How Much Litchi Should be Eaten? 

लीची खाने की मात्रा हर व्यक्ति की आयु और स्वास्थ पर निर्भर करती है, इसलिये आहार विशेषज्ञ की सलाह लेना उचित होगा।  वैसे सामान्य तौर पर एक दिन में 4 या 5 लीची से अधिक नहीं खानी चाहिये।

लीची खाने के फायदे –  Benefits of Eating Litchi

1. तुरन्त ऊर्जा मिले (Get Instant Energy)-  लीची खाने का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इसके खाने के बाद शरीर में तुरन्त शक्ति का संचार होता है। आपको कमजोरी और थकान महसूस नहीं होते। लीची में विटामिन-सी की भरपूर मात्रा होती है। विटामिन-सी शरीर के लिये बहुत महत्वपूर्ण कार्य करता है जिनमें कोलेजन और कार्निटाइन के उत्पादन भी है जो वसा को तोड़ने के लिये बहुत जरूरी होता जिससे हमें तुरन्त ऊर्जा प्राप्त होती है। 

2. ​प्रतिरक्षा प्रणाली मजबूत बने (Strengthen the Immune System)- लीची विटामिन-सी का उत्तम स्रोत है। विटामिन-सी एक शक्तिशाली एंटीऑक्सिडेंट के रूप में कार्य करते हुऐ रक्त कोशिकाओं के निर्माण और आयरन के अवशोषण में सक्रिय भूमिका निभाता है। ये  प्रतिरक्षा प्रणाली के लिये आवश्यक होते हैं। 

लीची में मौजूद बीटा कैरोटीन, राइबोफ्लेबिन, नियासिन और फोलेट रक्त कोशिकाओं के निर्माण और पाचन-प्रक्रिया में सहायक होते हैं।  विटामिन-सी एंटीऑक्सीडेंट के रूप में कार्य करते हुऐ सफेद रक्त कोशिकाओं की गतिविधि को उत्तेजित करता है जो प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाये रखने में मदद करता है। लीची में मौजूद बायोएक्टिव कंपाउंड सैपोनिन (Saponin) एक इम्यूनिटी बूस्टर के रूप में काम करता है। 

यह भी पढ़ें- इम्यूनिटी सिस्टम को बढ़ाने के उपाय

3. पाचन तंत्र को सुधारे (Improve Digestive System)- लीची में फाइबर की पर्याप्त मात्रा पाई जाती है जो आंतों के कार्यों नियंत्रित करते हुऐ पाचन क्रिया को बेहतर बनाये रखने में मदद करता है।  यह पाचन तंत्र के लिये चिकना प्रवाह छोड़ता है जिसके कारण पाचन तंत्र के लिये पाचन क्रिया आसान हो जाती है। लीची में फोलेट की भी अच्छी मात्रा होती है जो कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करती है इससे भी पाचन तंत्र स्वस्थ रहता है। 

4. उच्च रक्तचाप को कम करे (Reduce High Blood Pressure)- लीची उन लोगों के लिये वरदान है जिनका ब्ल्ड प्रेशर हाई रहता है। लीची में पोटेशियम काफी मात्रा में मौजूद होता है जो शरीर में द्रव संतुलन बनाये रखने के काम में मदद करता है। यह द्रव संतुलन मेटाबोलिज्म के लिये ही नहीं बल्कि हाई ब्लड प्रेशर के लिये भी आवश्यक माना जाता है। इसलिये लीची के सेवन से हाई ब्ल्ड प्रेशर कम होता है। 

5. हृदय को स्वस्थ रखे (Keep Heart Healthy)- लीची को हृदय स्वास्थ आहार के रूप में अपने भोजन में शामिल किया जा सकता है। लीची में पाये जाने वाला क्वेरसेटिन (Quercetin) नामक बायो एक्टिव कंपाउंड ब्लड प्रेशर को संतुलित रखते हुऐ कार्डियोवैस्कुलर स्वास्थ यानी हृदय को स्वस्थ बनाये रखने में मदद करता है। इसके अतिरिक्त लीची में पॉलीफेनोल की पर्याप्त मात्रा पाई जाती है जो छाती से संबंधित समस्याओं के लिये लाभदायक होती है। एक शोध के अनुसार लीची के जूस में कार्डियो प्रोटेक्शन गुण मौजूद होता है जो हृदय को बीमारियों से बचाव करता है और इसके एंटीऑक्सीडेंट गुण मुक्त कणों से लड़ते हैं। 

6. ब्लड सर्कुलेशन सही रखे (Maintain Proper Blood Circulation)- लीची में ऑलिगोनोल नामक कंपाउंड होता है जो नाइट्रिक ऑक्साइड के उत्पादन को बढ़ाने में मदद करता है और रक्त वाहिकाओं का विस्तार करने में मदद करता है जिससे रक्त बिना किसी रुकावट के सामान्य गति से प्रवाहित होता रहे। यह रक्त को पंप करने के लिये हृदय पर दबाव डालता है ताकि हृदय पूरी तरह स्वस्थ्य रहे। लीची में मौजूद कॉपर भी ब्लड सर्कुलेशन को बढ़ावा देने में मदद करता है और अंगों तथा कोशिकाओं के ऑक्सीजन को बढ़ावा देता है। 

7. एनीमिया से बचाव करे(Prevent Anemia) – लीची में कॉपर और आयरन की पर्याप्त मात्रा होती है जिनका सीधा संबंध लाल रक्त कोशिकाओं से होता है। शरीर में आयरन की कमी हो जाने से लाल रक्त कोशिकाओं में उपस्थित आयरन युक्त प्रोटीन जिसे हीमोग्लोबिन कहते हैं, का स्तर सामान्य से कम हो जाता है जिससे शरीर में खून की कमी हो जाती है। इस कमी को एनीमिया कहा जाता है। इस कमी को पूरा करने के लिये आयरन की जरूरत पड़ती है जो हमें सब्जियों और फलों से प्राप्त होता है। लीची में मौजूद आयरन इस कमी को पूरा करता है और एनीमिया से बचाव करता है। 

यह भी पढ़ें- एनीमिया के घरेलू उपाय

8. वजन को कम करे (Reduce Weight)- लीची को वजन कम करने के लिये एक आदर्श फल माना जाता है क्योंकि इसमें कैलोरी बहुत ज्यादा नहीं होती, 100 ग्राम लीची में केवल 66 कैलोरी। इसमें पानी और फाइबर की मात्रा काफी होती है जिससे पेट भरा-भरा सा रहता है और लंबे समय समय तक भूख नहीं लगती। लीची के जूस में एंटीओबेसिटी गुण मौजूद होते हैं जो मोटापा कम करने में अपना प्रभाव दिखाते हैं। जो लोग वजन कम करना चाहते हैं वे लीची को अपने भोजन में शामिल करें मगर इसके साथ-साथ नियमित व्यायाम भी अवश्य करें। 

9. मोतियाबिंद से बचाव (Cataract Prevention)- बढ़ती उम्र के साथ-साथ नजर का कमजोर पड़ना एक आम समस्या है जिस मोतियाबिंद कहा जाता है। लीची अपने गुणों के कारण इस समस्या से बचाव करने में सक्षम होती है। लीची, फाइटोकेमिकल्स एंटीऑक्सिडेंट और एंटीनाइपलास्टिक गुणों से समृद्ध होती है अर्थात् ये कोशिकाओं की असामान्य वृद्धि को रोकते हैं जिससे मोतियाबिंद होने की संभावना नहीं रहती। इसके अतिरिक्त लीची में मौजूद विटामिन-सी जोकि एक शक्तिशाली एंटीऑक्सिडेंट के रूप में काम करता है, मोतियाबिंद के जोखिमों को कम करने में मदद करता है। 

10. इन्फ्लूएंजा से बचाव (Protection Against Influenza)- इन्फ्लुएंजा एक वायरल संक्रमण है, जो श्वसन मार्ग (Respiratory tract) को नुकसान पहुंचाने का काम करता है। लीची में पाये जाने वाला ओलिगोनॉल (Oligonol) एक प्रकार का पॉलीफेनोल (Polyphenol) है जो इन्फ्लूएंजा की रोकथाम के लिए प्रभावकारी माना जाता है। इसके अतिरिक्त लीची में एंटीवायरल गुण मौजूद होते हैं जो  इन्फ्लूएंजा वायरस से बचाव करते हैं। 

11. त्वचा के लिये फायदेमंद (Beneficial for Skin)- गर्मियों में, बहुत अधिक समय तक रहने से त्वचा का झुलस जाना, आम समस्या है। इसे सनबर्न कहा जाता है। शरीर पर लालिमा और फफोले भी हो जाते हैं। इससे दर्द और जलन होती है। लीची में विटामिन-ई भी मौजूद होता है जो इस समस्या से राहत दिलाने में मदद करता है। ऐसे में लीची खायें, लीची का जूस पीयें और लीची के गूदे को प्रभावित त्वचा पर रगड़ें या लीची के जूस को त्वचा पर लगायें। इससे दर्द और जलन में आराम लगेगा और दाग धब्बे भी हट जायेंगे। 

यह भी पढ़ें- एक्जिमा घरेलू उपचार

12. कामेच्छा को बढ़ाएँ(Increase Libido) – कई अध्ययनों से पता चलता है लीची सेक्स लाइफ को स्मूद बनाती है। लीची खाने से प्यार बढ़ता है। इसमें मौजूद पोटेशियम, कॉपर और विटामिन-सी जैसे महत्वपूर्ण घटक कामेच्छा को उत्तेजित करने में मदद करते हैं। 

लीची खाने के नुकसान – Side Effects of Eating Litchi

दोस्तो, अब जानते हैं कि लीची के अधिक सेवन से होने वाले नुकसान के बारे में जो निम्नलिखित हैं –

1. लीची का सबसे बड़ा नुकसान यह है कि जितना पैसा इसके खरीदने पर खर्च होता है उतने के बराबर इसका फल नहीं मिलता क्योंकि लीची डंडी सहित तोल कर दी जाती है इसलिये 80 प्रतिशत पैसा इसके वजन में चला जाता है, फिर इसका बीज भी बहुत मोटा होता है खाने लायक केवल 5 प्रतिशत इसका गूदा बचता है। यद्यपि डंडी रहित लीची अब डिब्बाबंद पैक में भी मिलती है परन्तु यह सामान्य रेट की तुलना में और भी मंहगी होती है। 

2. लीची की तासीर गर्म होने के नाते, इसके अधिक खाने से पेट गर्म हो सकता है। इस वजह से दस्त भी लग सकते हैं बुखार हो सकता है और गले में खारिश भी। 

3. नाक से खून भी बह सकता है।

4. डायबीटीज के मरीज द्वारा लीची अधिक खाने से उसमें शुगर स्तर बिगड़ सकता है।

5. लीची अधिक खाने से हार्मोन्स में असंतुलन हो सकता है आंतरिक रक्तस्राव, बुखार या अन्य कोई समस्या बन सकती है।

6. लीची का अधिक सेवन एलर्जिक प्रतिक्रियाऐं दे सकता है।

7. गर्भवती और स्तनपान कराने वाली महिलाओं को लीची का सेवन करने की सलाह नहीं दी जाती है। 

Conclusion – 

दोस्तो, आज के आर्टिकल में हमने लीची के बारे में विस्तार से जानकारी दी। लीची क्या है, लीची की खेती कहां होती है, लीची के गुण, लीची के पोषक तत्व, लीची का उपयोग, लीची खाने का सही समय और लीची कितनी खानी चाहिये, इन सब के बारे में भी विस्तार पूर्वक बताया। देसी हैल्थ क्लब ने इस आर्टिकल के माध्यम से लीची खाने के बहुत सारे फायदे बताये और कुछ नुकसान भी बताये। आशा है आपको ये आर्टिकल अवश्य पसन्द आयेगा। 

दोस्तो, इस आर्टिकल से संबंधित यदि आपके मन में कोई शंका है, कोई प्रश्न है तो आर्टिकल के अंत में, Comment box में, comment करके अवश्य बताइये ताकि हम आपकी शंका का समाधान कर सकें और आपके प्रश्न का उत्तर दे सकें। और यह भी बताइये कि यह आर्टिकल आपको कैसा लगा। आप इस पोस्ट को अपने दोस्तों और सगे – सम्बन्धियों के साथ भी शेयर कीजिये ताकि सभी इसका लाभ उठा सकें। दोस्तो, आप अपनी टिप्पणियां (Comments), सुझाव, राय कृपया अवश्य भेजिये ताकि हमारा मनोबल बढ़ सके। और हम आपके लिए ऐसे ही Health-Related Topic लाते रहें। धन्यवाद।

Disclaimer – यह आर्टिकल केवल जानकारी मात्र है। किसी भी प्रकार की हानि के लिये ब्लॉगर/लेखक उत्तरदायी नहीं है। कृपया डॉक्टर/विशेषज्ञ से सलाह ले लें।

Summary
लीची खाने के फायदे
Article Name
लीची खाने के फायदे
Description
दोस्तो, आज के आर्टिकल में हमने लीची खाने के फायदे के बारे में विस्तार से जानकारी दी। लीची क्या है, लीची की खेती कहां होती है, लीची के गुण, लीची के पोषक तत्व, लीची का उपयोग, लीची खाने का सही समय और लीची कितनी खानी चाहिये, इन सब के बारे में भी विस्तार पूर्वक बताया है।
Author
Publisher Name
Desi Health Club
Publisher Logo