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प्रोटीनेक्स के फायदे – Benefits of Protinex in Hindi

प्रोटीनेक्स के फायदे

स्वागत है आपका हमारे ब्लॉग में। दोस्तो, बहुत लोग एक्सरसाइज करते हैं, जिम भी जाते हैं, रनिंग भी करते हैं, पुश-अप भी लगाते हैं मगर फिर भी उनका शरीर दुबला-पतला रहता है। उनकी मांसपेशियां ही नहीं बनतीं। कारण स्पष्ट है शरीर में प्रोटीन की कमी। भोजन से उनको शरीर की आवश्यकता के अनुसार प्रोटीन नहीं मिल पाता। ऐसी स्थिति में विकल्प रह जाता है प्रोटीन के सप्लीमेंट का। 

इस सप्लीमेंट की श्रेणी में नाम आता है प्रोटीनेक्स का। प्रोटीनेक्स नाम है उस उत्पाद का जो “व्यस्क पोषण” की श्रेणी में आता है। यह ना केवल मांसपेशियों को मजबूत बनाता है बल्कि हड्डियों को भी मजबूती देता है। पाचन में आसान है, थकावट और कमजोरी को दूर करता है, त्वचा और बालों के लिए भी लाभकारी है तो प्रतिरक्षा प्रणाली को भी मजबूत बनाता है। आखिर क्या है इस प्रोटीनेक्स में जो ढेर सारे फायदे देता है। दोस्तो, यही है हमारा आज का टॉपिक “प्रोटीनेक्स के फायदे”

देसी हैल्थ क्लब इस आर्टिकल के माध्यम से आपको प्रोटीनेक्स के बारे में विस्तार से जानकारी देगा और यह भी बताएगा कि इसके क्या फायदे होते हैं। तो, सबसे पहले जानते हैं कि प्रोटीनेक्स क्या है और प्रोटीनेक्स के पोषक तत्व। फिर, इसके बाद बाकी बिंदुओं पर जानकारी देंगे।

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प्रोटीनेक्स क्या है? – What is Protinex?

प्रोटीनेक्स, वस्तुतः प्रोटीन का सप्लीमेंटे है जो पाउडर के रूप में मिलता है। जिन लोगों को प्रोटीन की कमी है उनमें प्रोटीन की कमी को पूरा करता है। हमारे शरीर को प्रतिदिन प्रोटीन की जरूरत पड़ती है क्योंकि शरीर प्रोटीन का भंडारण (store) नहीं कर पाता। प्रोटीन मासपेशियों और हड्डियों के निर्माण में लगभग 50 प्रतिशत योगदान देता है। यह इनको मजबूती भी देता है और ऊतकों की मरम्मत भी करता है।

गर्भवती महिलाओं की प्रोटीन की आवश्यकता 40 प्रतिशत से भी अधिक हो जाती है। प्रोटीनेक्स, डैनोन इंडिया (Danone India) का प्रमुख ब्रांड है जिसने सन् 2012 में प्रोटीनेक्स का अधिग्रहण किया। भारत में सन् 1957 में “वयस्क पोषण” के रूप में प्रोटीनेक्स का वजूद सामने आया था। आज के समय में बाजार में प्रोटीनेक्स की “वयस्क पोषण श्रेणी” में 26.1% भागीदारी है। बाजार में प्रोटीनेक्स चॉकलेट, वैनिला, स्ट्रोबेरी आदि फ्लेवर में भी उपलब्ध है।

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प्रोटीनेक्स के प्रकार – Types of Protinex

प्रोटीनेक्स के प्रकार का विवरण निम्नलिखित है – 

1. प्रोटीनेक्स ओरिजिनल (Protinex Original)- यह एकदम शुरुआत का प्रोटीनेक्स है। इसमें हाइड्रोलाइज्ड प्रोटीन होता है जो मूंगफली प्रोटीन है। यह प्रोटीन सरलता से पच जाता है। इसके 100 ग्राम पाउडर में 34 ग्राम प्रोटीन होता है। इसे 14 वर्ष की आयु से अधिक के महिला और पुरुष सभी सेवन कर सकते हैं, मगर 14 वर्ष की आयु से कम के बच्चे नहीं। 50 वर्ष से अधिक आयु के पुरुषों और महिलाओं को भी प्रोटीनेक्स का सेवन नहीं करना चाहिए। प्रोटीनेक्स रिच चॉकलेट और क्रीमी वनीला में सोया और दूध का प्रोटीन होता है। 

2. प्रोटीनेक्स जूनियर (Protinex Junior)- यह छोटे बच्चों के लिये है। उनके शारीरिक और मानसिक विकास में सहायक होता है। सेलेनियम, एफओएस, विटामिन डी, जिंक और डीएचए इसकी सामग्री हैं। इसके दो फ्लेवर आते हैं चॉकलेट और वनीला। 

3. प्रोटीनेक्स ग्रो (Protinex Grow)- यह 8 से 15 वर्ष की आयु के बच्चों के लिए बनाया गया है। इसमें अन्य हैल्थ ड्रिंक की तुलना में 50 प्रतिशत अधिक प्रोटीन होता है तथा इसमें कैल्शियम भी ज्यादा होता है।

4. प्रोटीनेक्स ममा (Protinex Mama)- यह प्रोटीनेक्स विशेष रूप से गर्भवती महिलाओं के लिए डिजाइन किया गया है। चूंकि गर्भवती महिलाओं को अधिक पोषक तत्वों की जरूरत होती है, इसलिए इस प्रोटीनेक्स में प्रोटीन, कई विटामिन और खनिज, डीएचए की उच्च मात्रा होती है। 

5. प्रोटीनेक्स डाइबिटीज केयर (Protinex Diabetes Care)- यह प्रोटीनेक्स विशेषतौर पर डाइबिटीज से पीड़ित लोगों के लिए बनाया गया है। इसमें शुगर की मात्रा बहुत कम होती है। कुल शुगर 18।5 ग्राम प्रति 100 ग्राम। फाइबर की मात्रा अधिक होती है जो पाचन तंत्र के लिए बेहतरीन होता है।

प्रोटीनेक्स के पोषक तत्व – Protein X Nutrients

प्रोटीनेक्स के पोषक तत्व प्रोटीनेक्स के प्रकार के आधार पर निर्भर करते हैं। यहां हम प्रोटीनेक्स ओरिजिनल के पोषक तत्वों के बारे में बता रहे हैं, मात्रा प्रति 100 ग्राम पाउडर।

  • एनर्जी : 354 Kcal
  • प्रोटीन : 34 ग्राम
  • प्रोटीन (हायड्रोलायसेट) : 56 ग्राम
  • कार्बोहाइड्रेट्स : 53.3 ग्राम 
  • शुगर : 32 ग्राम
  • फैट : 05 ग्राम
  • सैच्युरेटिड फैटी एसिड : 0.42 ग्राम
  • मोनोअनसैच्युरेटिड फैटी एसिड : 0.13 ग्राम
  • पॉलीअनसैच्युरेटिड फैटी एसिड : 0.08 ग्राम
  • ट्रांस फैटी एसिड : 0.1 ग्राम
  • कॉलेस्ट्रोल : 0 मिलीग्राम
  • कैल्शियम : 449 मिलीग्राम
  • फास्फोरस : 375 मिलीग्राम
  • आयरन : 6.5 मिलीग्राम
  • फोलिक एसिड : 167 माइक्रोग्राम
  • सोडियम : 245 मिलीग्राम
  • बायोटिन : 33 माइक्रोग्राम
  • कोलिन : 150 मिलीग्राम
  • विटामिन-ए : 1100 माइक्रोग्राम आरई
  • विटामिन-सी : 83 मिलीग्राम
  • विटामिन-डी : 8.3 माइक्रोग्राम
  • विटामिन-ई : 17 मिलीग्राम
  • विटामिन-के : 30 माइक्रोग्राम
  • विटामिन-बी1 : 2.7 मिलीग्राम
  • विटामिन-बी2 : 3.5 मिलीग्राम
  • विटामिन-बी3 : 23 मिलीग्राम
  • विटामिन-बी5 : 3.3 मिलीग्राम
  • विटामिन-बी6 : 1.7 मिलीग्राम
  • विटामिन-बी12 : 1.7 माइक्रोग्राम

प्रोटीनेक्स सेवन करने का तरीका – How to Consume Protinex

प्रोटीनेक्स सेवन करने का बहुत सरल तरीका है। 200 मिली लीटर गुनगुने या ठंडे दूध में दो चम्मच प्रोटीनेक्स पाउडर डालकर अच्छी तरह मिलाकर पीयें। दूध के स्थान पर पानी में भी मिलाकर पी सकते हैं। 

प्रोटीनेक्स का सेवन कब करना चाहिए? – When Should Protinex be Taken?

1. प्रोटीनेक्स का सेवन सुबह नाश्ते में या नाश्ते के बाद अच्छा माना जाता है। 

2. इसे दोपहर, शाम या रात के भोजन के समय भी लिया जा सकता है क्योंकि यह भोजन का अहम हिस्सा है। 

3. सुबह, शाम एक्सरसाइज करने के 15 मिनट से एक घंटे के बाद ले सकते हैं। 

प्रोटीनेक्स की मात्रा – Protinex Dosage 

प्रोटीनेक्स के प्रकार के आधार पर प्रोटीनेक्स के बॉक्स पर खुराक छपी होती है। उसी के अनुसार इसकी मात्रा का सेवन करें। वैसे प्रोटीनेक्स ओरिजिनल एक दिन में 30 ग्राम प्रोटीनेक्स सेवन को अनुशंसित करता है। 

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प्रोटीनेक्स के फायदे – Benefits of Protinex

अब बताते हैं आपको प्रोटीनेक्स के फायदे जो निम्न प्रका हैं –

1. इम्युनिटी बढ़ाए (Increase Immunity)- प्रोटीनेक्स में पर्याप्त मात्रा में विटामिन-सी होता है जो एक शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट के रूप में काम करते हुए इम्युनिटी बूस्ट करने का काम करता है। इसके अतिरिक्त इसमें मौजूद विटामिन-ए, ई और बी कॉम्लेक्स तथा फास्फोरस, आयरन जैसे खनिज भी इम्युनिटी बढ़ाने में काफी मदद करते हैं।

2. मेटाबॉलिज्म बढ़ाए (Increase Metabolism)- मेटाबॉलिज्म, भोजन को ऊर्जा में परिवर्तित करने का महत्वपूर्ण काम करता है। शरीर में ऊर्जा मेटाबॉलिज्म की गति पर निर्भर करती है। धीमी गति से मेटाबॉलिज्म के काम करने या कमजोर मेटाबॉलिज्म के कारण शरीर में ऊर्जा भी कम पैदा होगी। इसे सही रखने का काम प्रोटीनेक्स करता है। इस काम में प्रोटीनेक्स में मौजूद विटामिन-बी कॉम्लेक्स, सक्रिय भूमिका निभाते हैं। 

3. ऊर्जा प्रदान करे (Provide Energy)- चूंकि प्रोटीनेक्स को दूध में मिलाकर पीया जाता है और दूध अपने आप में ऊर्जावान है, इसलिए दूध और प्रोटीनेक्स के संयोजन से शरीर में तुरन्त ऊर्जा का संचार होता है। प्रोटीनेक्स में मौजूद कार्बोहाइड्रेट्स, शुगर और फैटी एसिड्स शरीर में ऊर्जा उत्पन्न करने का काम करते हैं तथा खोई हुई ऊर्जा की रिकवरी करते हैँ।

4. थकावट और कमजोरी दूर करे (Remove Fatigue and Weakness)- कई लोग ऐसा काम करते हैं जिसमें दिमाग थक जाता है और बहुत लोग ऐसा काम करते हैं जिसमें शरीर थकता है। स्कूल के बच्चे भी पढ़ाई, लिखाई, खेल-कूद में थकते हैं। ऐसे में दिमाग और शरीर को आराम चाहिए। दूध के साथ प्रोटीनेक्स मिलकर एक प्रकार से डबल एनर्जी बूस्ट करता है जिससे दिमाग रिलेक्स करता है और शरीर की कमजोरी खत्म होती है। प्रोटीनेक्स के सेवन से शरीर बलिष्ट बनता है और स्टेमिना भी बढ़ता है। 

5. एक्सरसाइज करने वालों को फायदा (Benefits for Those who Exercise)- जो लोग एक्सरसाइज करते हैं, रनिंग करते हैं या जिम जाकर एक्सरसाइज करते हैं उनकी मांसपेशियों में चोट लगती रहती है या फटती रहती हैं। उनको थकावट भी बहुत अधिक होती है। ऐसे में प्रोटीनेक्स उन लोगों को विशेष फायदा पहुंचाता है। 

यह उनकी मांसपेशियों की मरम्मत करता है और चोट को ठीक करता है। एक्सरसाइज करने के बाद प्रोटीनेक्स के सेवन से उनकी थकान खत्म हो जाती है, एक नई ऊर्जा का संचार होता है, उनका स्टेमिना बढ़ता है। बॉडी बिल्डिंग में भी प्रोटीनेक्स मदद करता है।

6. मांसपेशियों का ग्रोथ करे (Grow Muscles)- जो लोग दुबले पतले हैं प्रोटीनेक्स उनमें मांसपेशियों का विकास करता है जिससे उनका शरीर भरा-भरा दिखने लगता है। जो लोग मसल्स बनाना चाहते हैं उनके लिए प्रोटीनेक्स एक बेहतरीन ऑपशन है। मांसपेशियों के ग्रोथ के अतिरिक्त यह मांसपेशियों की मरम्मत भी करता है यह बात हम ऊपर भी बता चुके हैं। 

7.  हड्डियों को मजबूती दे (Strengthen Bones)- दूध के साथ मिलकर प्रोटीनेक्स वास्तव में जादू करता है। दूध में मौजूद विटामिन-डी, कैल्शियम, फास्फोरस जैसे पोषक तत्व और प्रोटीनेक्स में मौजूद विटामिन-डी, कैल्शियम आदि अस्थि खनिज घनत्व (Bone Mineral Density) के स्तर में वृद्धि करते हैं जिससे हड्डियों को मजबूती मिलती है। इससे हड्डियों से जुड़ी बीमारियों के होने की संभावना नहीं रहती।

8. एनीमिया से बचाए (Prevent Anemia)- पुरुषों की तुलना में महिलाओं में रक्त की कमी अधिक होती है। पीरियड्स और डिलीवरी के समय काफी मात्रा में रक्त की हानि होती है। शरीर में रक्त की कमी हो जाने को एनीमिया कहते हैं। एनीमिया के और भी कारण होते हैं। रक्त निर्माण में आयरन मुख्य भूमिका निभाता है। 

प्रोटीनेक्स में आयरन की पर्याप्त मात्रा होती है। आयरन हीमोग्लोबिन और श्वेत रक्त कोशिकाओं के निर्माण में विशेष योगदान देता है। आयरन के अतिरिक्त प्रोटीनेक्स में मौजूद विटामिन-बी6 और विटामिन-12 तथा फैटी एसिड्स भी रक्त निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाते हैं। इस प्रकार प्रोटीनेक्स के सेवन से एनीमिया से बचा जा सकता है। 

9. त्वचा के लिए फायदेमंद (Beneficial for Skin)- प्रोटीनेक्स के फायदे त्वचा के लिए भी देखे जा सकते हैं। प्रोटीनेक्स के सेवन से त्वचा विकार दूर होते हैं। त्वचा का रूखापन खत्म होता है और हाइड्रेट रहती है। त्वचा के रूखेपन से अनेक विकार उत्पन्न होते हैं, यह बेजान सी दिखने लगती है। आंखों के आसपास काले घेरे हो जाते हैं। प्रोटीनेक्स के सेवन से ये सब समस्याएं नहीं रहतीं। इससे त्वचा में निखार भी आता है। 

10. बालों के लिए फायदेमंद (Beneficial for Hair)- प्रोटीनेक्स जैसे त्वचा के लिए फायदेमंद है वैसे ही बालों के लिए भी फायदेमंद है। बालों का स्वास्थ प्रोटीन पर निर्भर करता है। प्रोटीन की कमी से बालों की जड़ें कमजोर हो जाती हैं। फिर बाल झड़ने लगते हैं। प्रोटीन बालों को पोषण देता है। प्रोटीनेक्स, प्रोटीन की कमी पूरी करता है।

इसके अतिरिक्त प्रोटीनेक्स में विटामिन-ई की पर्याप्त मात्रा होती है जिसे बालों का ही विटामिन कहा जाता है। प्रोटीन और विटामिन-ई मिलकर बालों का पोषण करते हैं जिससे बालों का झड़ना, डैंड्रफ, बालों का बेजान हो जाना जैसी समस्याएं खत्म हो जाती हैं। बाल, घने, लंबे, चमकीले और मुलायम हो जाते हैं। 

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प्रोटीनक्स के नुकसान – Disadvantages of Protinex

प्रोटीनक्स के सेवन से हो सकते हैं निम्नलिखित नुकसान :-

1. प्रोटीनक्स के सेवन के साथ-साथ एक्सरसाइज जरूरी है या कोई श्रम वाली गतिविधि की जानी चाहिए अन्यथा शरीर में अतिरिक्त फैट जमा होने लगेगा जोकि स्वास्थ के लिए हानिकारक होता है।

2. लंबे समय तक प्रोटीनक्स का सेवन नहीं करना चाहिए, अन्यथा किडनी फेल्यर की संभावना बन सकती है।

3. प्रोटीनक्स के अधिक सेवन से पेट की समस्या हो सकती है जैसे पेट में दर्द होना, पेट में गैस बनना या दस्त लगना आदि।

4. इसके सेवन से यदि किसी को एलर्जी या असहजता महसूस होती है तो इसका सेवन तुरन्त बंद कर देना चाहिए।

Conclusion –

दोस्तो, आज के आर्टिकल में हमने आपको प्रोटीनेक्स के फायदे के बारे में विस्तार से जानकारी दी। प्रोटीनक्स क्या है?, प्रोटीनक्स के प्रकार, प्रोटीनेक्स के पोषक तत्व, प्रोटीनेक्स सेवन करने का तरीका, प्रोटीनेक्स का सेवन कब करना चाहिए और प्रोटीनेक्स की मात्रा, इन सब के बारे में भी विस्तार पूर्वक बताया। देसी हैल्थ क्लब ने इस आर्टिकल के माध्यम से प्रोटीनेक्स के बहुत सारे फायदे बताए और कुछ नुकसान भी बताए। आशा है आपको ये आर्टिकल अवश्य पसन्द आयेगा।

दोस्तो, इस आर्टिकल से संबंधित यदि आपके मन में कोई शंका है, कोई प्रश्न है तो आर्टिकल के अंत में, Comment box में, comment करके अवश्य बताइये ताकि हम आपकी शंका का समाधान कर सकें और आपके प्रश्न का उत्तर दे सकें। और यह भी बताइये कि यह आर्टिकल आपको कैसा लगा। आप इस पोस्ट को अपने दोस्तों और सगे – सम्बन्धियों के साथ भी शेयर कीजिये ताकि सभी इसका लाभ उठा सकें। दोस्तो, आप अपनी टिप्पणियां (Comments), सुझाव, राय कृपया अवश्य भेजिये ताकि हमारा मनोबल बढ़ सके। और हम आपके लिए ऐसे ही Health-Related Topic लाते रहें। धन्यवाद।
Disclaimer – यह आर्टिकल केवल जानकारी मात्र है। किसी भी प्रकार की हानि के लिये ब्लॉगर/लेखक उत्तरदायी नहीं है। कृपया डॉक्टर/विशेषज्ञ से सलाह ले लें।

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