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बेसन का फेस पैक बनाने का तरीका – How to Make Face Pack with Gram Flour in Hindi

बेसन का फेस पैक बनाने का तरीका

दोस्तो, स्वागत है आपका हमारे ब्लॉक पर। दोस्तो, हमने पिछले आर्टिकल्स में फेशियल के फायदे और नुकसान  के बारे में बताया था, इसके बाद फिर यह बताया था कि घर पर फेशियल कैसे करें। इसी कड़ी को आगे बढ़ाते हुऐ देसी हैल्थ क्लब लेके आया है एक ऐसी मुख्य सामग्री जिसमें अन्य सामग्रियां मिलाकर आप अनेक प्रकार के पौष्टिक फेस पैक बना सकते हैं। यह मुख्य सामग्री ऐसी है जो पूरे भारतीय महाद्वीप के अलावा अन्य देशों में प्रसिद्ध है। इस सामग्री ना केवल शारीरिक और मानसिक स्वास्थ के लिये लाभदायक है (विशेषकर त्वचा और बालें के स्वास्थ के लिये) बल्कि इसका सबसे ज्यादा उपयोग नमकीन और मीठे व्यंजन बनाने के लिये भी किया जाता है। इसके बिना मीठे व्यंजन के विकल्प तो बहुत मिल जायेंगे लेकिन पकौड़े बनाने के लिये और रायता बनाने के लिये बूंदी का कोई विकल्प नहीं है। एक और विशेष प्रकार का व्यंजन भी बनता है जो चावल के साथ सब्जी के रूप में खाया जाता है जोकि भारत के अतिरिक्त विदेशों में भी लोकप्रिय है। जी हां, इस विशेष सामग्री का नाम है बेसन। बेसन का उपयोग त्वचा के लिये कैसे किया जाये यानी फेस पैक कैसे बनाया जाये?। दोस्तो, यही है हमारा आज का टॉपिक “बेसन का फेस पैक बनाने का तरीका”। देसी हैल्थ क्लब इस लेख के माध्यम से आज आपको बेसन के बारे में विस्तार से जानकारी देगा। और यह भी बतायेगा कि बेसन से फेस पैक कैसे बनाये जाते हैं।  तो, सबसे पहले जान लेते हैं कि बेसन क्या होता है, कितने प्रकार का होता है, इसका क्या महत्व है और बेसन के क्या गुण होते हैं। इसके बाद फिर बाकी बिन्दुओं पर जानकारी देंगे।

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बेसन का फेस पैक बनाने का तरीका
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बेसन क्या होता है? – What is Besan?

दोस्तो, बेसन की उत्पत्ति चने से हुई है और चना अनाज की श्रेणी में आता है जैसे गेहूं, मक्का, जौ, बाजरा, उसी तरह चना। चने का आटा बनता है और मशीनों द्वारा छिलका उतार कर चने की दाल भी बनाई जाती है। बेसन ऑटोमेटिक मशीनों द्वारा बनाया जाता है जो चने की सफाई करके, छिलका उतारकर, पीसने का काम करती हैं। इसी छिलका रहित चने के पिसे हुऐ पाउडर को बेसन कहा जाता है। इसे आप घर भी बना सकते हैं। इसके लिये छिलका रहित चने की दाल लेकर मिक्सी में पीस लें। इसे तीन चार बार पीसना पड़ेगा तब यह बारीक बेसन बन पायेगा। बेसन का उपयोग भारत के अलावा, ईरान, तुर्कीस्तान, अज़रबेजान, अफगानिस्तान, पाकिस्तान, नेपाल, श्रीलंका, बांग्लादेश, म्यामार देशों में भोजन के लिये किसी ना किसी रूप में किया जाता है।

बेसन का महत्व – Importance of Besan

1. बेसन की बारीक बूंदी, लड्डू बनाने के काम आती है। लड्डू भगवान श्री गणेष जी और महावीर बजरंगबली हनुमान जी का प्रिय भोजन है। इसीलिये प्रसाद में लड्डू  चढ़ाये जाते हैं। इसके अतिरिक्त शादी, मकान, दुकान का उद्घाटन, और किसी खुशी के अवसर या कोई अन्य सुखद समारोह लड्डूओं के बिना अधूरे रहते हैं। बेसन के बिना लड्डूओं की कल्पना भी नहीं कर सकते क्योंकि बेसन का कोई विकल्प नहीं है।

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2. यही हाल नमकीन व्यंजनों का है जो इसके बिना अधूरे रहते हैं। बेसन से बनने वाले व्यंजनों का भी कोई विकल्प नहीं है। विशेषतौर पर कढ़ी का। यह रोटी के साथ कम और चावल के साथ बहुत ज्यादा खाई जाती है। भारतीय व्यंजन कढ़ी-चावल भारत की जान तो है ही, इसे विदेशों में भी बहुत पसंद किया जाता है।

निष्कर्षतः बेसन की महत्ता इसी से सिद्ध हो जाती है कि बेसन के बिना भारतीय व्यंजनों का स्वाद अधूरा है।

बेसन के प्रकार – Type of Besan

बेसन दो प्रकार का होता है, मोटा और बारीक। विवरण निम्न प्रकार है –

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1. मोटा बेसन (Thick Gram Flour)- यदि छिलका रहित चने को मोटा पीस दिया जाये तो यह “मोटा बेसन” कहलाता है। इस मोटे बेसन उपयोग लड्डू, चूरमा, रायते के लिये बूंदी, गट्टे की सब्जी, खमण, शीरा आदि बनाने के लिये किया जाता है। 

2. यदि छिलका रहित चने को बारीक पीस दिया जाये तो यह “बारीक बेसन” कहा जाता है जिसका उपयोग बेसन बर्फी, खांडवी, सोन पापड़ी, हलवा, ढोकला, पकौड़े, नमकीन या मीठा चीला, भुजिया, नमकीन सेव, कोफ्ते, कढ़ी आदि व्यंजन बनाने के लिये किया जाता है।

बेसन के गुण – Properties of Besan

1. बेसन की तासीर ठंडी होती है।

2. बेसन में प्रोटीन, आयरन, सोडियम, विटामिन, कार्बोहाइड्रेट, फाइबर व फैट आदि मौजूद होते हैं जो शारीरिक और मानसिक स्वास्थ के बनाये रखते हैं।

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3. त्वचा और बालों के लिये खासकर फायदेमंद होता है।

4. बेसन के पोषक तत्व (मात्रामप्रति 100 ग्राम) –

(i)  केलोरी  350 kcal

(ii) कार्बोहाइड्रेट 56.67 ग्रा.

(iii) प्रोटीन  23.33 ग्रा.

(iv) फाइबर 6.7 ग्रा.

(v)  आयरन  4.8 मि.ग्रा.

(vi) सोडियम  17 मि. ग्रा.

(vii) वसा (Fat) 3.33 ग्रा.

बेसन का फेस पैक बनाने का तरीका – How to Make  Face Pack with Gram Flour

दोस्तो, अब आपको बताते हैं कि बेसन में अन्य सामग्री मिलाकर फेस पैक बनाने कुछ निम्नलिखित तरीके। हम स्पष्ट कर दें कि बेसन का फेस पैक बनाने के लिये बारीक बेसन ही लिया जायेगा ना कि मोटा बेसन।

1. बेसन और दूध/मलाई फेस (Besan and milk/malai face)- इस फेस पैक को बनाने के लाये दो चम्मच बेसन में दो चम्मच दूध या मलाई डालकर अच्छी तरह मिक्स कर लें। जरूरत के हिसाब से मात्रा कम/ज्यादा भी कर सकते हैं। यह प्राकृतिक स्क्रब के रूप में भी काम करेगा। यह ब्लैकहेड्स, वाइटहेड्स और सनटेन हटाने में मदद करेगा, साथ ही त्वचा को निखार देगा। इस पैक को 15 मिनट के लिये चेहरे पर लगाकर छोड़ दें। बाद में ठंडे पानी से चेहरा धो लें।

2. बेसन और हल्दी (Besan and Turmeric)- किसी बर्तन में एक बड़ी चम्मच बेसन और एक छोटी चम्मच हल्दी डालकर आवश्यकतानुसार गुलाब जल या पानी मिलाकर अच्छी तरह पेस्ट बना लें। इसे चेहरे पर लगाकर छोड़ दें। 15 मिनट के बाद पानी से चेहरा धो लें। बेसन अपने आप में एक पावर-पैक इंग्रेडिएंट है जो त्वचा से अतिरिक्त तेल को हटाता है। हल्दी आयुर्वेदिक औषधी है जो एंटी-इंफ्लेमेटरी, एंटी-बैक्टीरियल और एंटीऑक्सीडेंट गुणों से भरपूर होती है। यह जो त्वचा को अंदर से साफ करके कील-मुंहासों, दाग-धब्बों से राहत दिलाती है। हल्दी सूर्य की अल्ट्रा-वायलेट किरणों से भी त्वचा की रक्षा करती है।

3. बेसन और मुल्तानी मिट्टी (Besan and Multani Mitti)- त्वचा और बालों के स्वास्थ के लिये मुल्तानी मिट्टी का उपयोग प्राचीन काल से ही होता चला आ रहा है। मुल्तानी मिट्टी एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण से भरपूर होती है जो मृत कोशिकाओं को हटाने में मदद करते हैं। यह त्वचा की सफाई करती है। जिन लोगों की त्वचा ऑयली है, उनके लिये बेसन और मुल्तानी मिट्टी का पैक अत्यंत लाभकारी है। एक बड़ा चम्मच बेसन और एक बड़ा चम्मच मुल्तानी मिट्टी पाउडर लेकर इसमें दो बड़े चम्मच गुलाब जल मिलाकर पेस्ट बना लें। इस पेस्ट को चेहरे पर लगाकर पांच मिनट तक मसाज करें और आधा घंटे के लिये छोड़ दें। बाद में चेहरा गुनगुने पानी से धो लें। इस पैक को सप्ताह में दो बार लगा सकते हैं।

4. बेसन और टमाटर (Besan and Tomato)- टमाटर विटामिन-सी से भरपूर होता है जो अपने आप में एंटीऑक्सिडेंट है और कील-मुंहासे, दाग-धब्बे और सनटैन से छुटकारा दिलाता है। बुढ़ापे के लक्षणों के प्रभाव को कम करता है। टमाटर त्वचा में निखार लाता है। इसका पैक बनाने के लिये एक टमाटर को मसल कर जूस निकाल लें। इस जूस को दो चम्मच बेसन में मिलाकर पेस्ट बना लें। इस पेस्ट को चेहरे पर 15 मिनट के लिये लगायें। बाद में पानी से चेहरा धो लें। इसे हफ्ते में दो बार लगा सकते हैं।

5. बेसन और दही (Besan and Curd)- दही में लैक्टोबैसिलस (Lactobacillus) नामक तत्व होता है, जो चेहरे की झुर्रियों और बारीक लाइन (Fine lines) को कम करने में मदद करता है और सुन्दरता को बनाये रखता है।  दही का यह तत्व दाग-धब्बों को हटाने में मदद करता है और सनबर्न से बचाता है। दही त्वचा में नमी बनाये रखती है।  इसका पैक बनाने के लिये दो बड़े चम्मच बेसन में एक बड़ा चम्मच दही मिलाकर पेस्ट बना लें। इस फेस पैक को चेहरे पर लगाकर छोड़ दें। आंखों को बचाकर रखें। 20 मिनट बाद चेहरा पानी से धो लें। यदि त्वचा टैन हो गई है तो पेस्ट बनाते समय एक चुटकी हल्दी और आधा चम्मच नींबू का रस मिला लें।

6. बेसन और शहद (Besan and Honey)- शहद में मौजूद विटामिन और खनिज त्वचा को सुन्दर बनाये रखते हैं, त्वचा में नमी बनाये रखते हैं और त्वचा की जलन को कम करते हैं। शहद के गुण पावर ऑफ हाइड्रोजन यानी पीएच पीएच स्तर में संतुलन बनाये रखने में मदद करते हैं। शहद के गुण बुढ़ापे के लक्षणों को दूर कर युवा बनाये रखने में मदद करते हैं। बेसन और शहद का पैक बनाने के लिये दो बड़े चम्मच बेसन में एक छोटा चम्मच शहद (शहद को हल्का सा गर्म कर लें) और दो बड़े चम्मच गुलाबजल मिलाकर पेस्ट बना लें। इस पेस्ट को 15-20 मिनट के लिये चेहरे पर लगायें। बाद में गुनगुने पानी से चेहरा धो लें।

7. बेसन और एलोवेरा (Besan and Aloe Vera)- एलोवेरा में एंटीऑक्सीडेंट और एंटी-एजिंग गुण होते हैं, जो त्वचा पर झुर्रिओं और बारीक लाइन को कम करके बढ़ती उम्र के लक्षणों के प्रभाव को कम करते हैं।  एक बड़े चम्मच बेसन में एक छोटा चम्मच ताजा एलोवेरा जैल मिलाकर पैक तैयार कर लें। मात्रा जरूरत के अनुसार घटा, बढ़ा भी सकते हैं। इसे चेहरे पर 15 मिनट के लिये लगायें और बाद में सूख जाने पर पानी से धो लें। हफ्ते में दो बार इस प्रक्रिया को कर सकते हैं।

8. बेसन और केला (Besan and Banana)- फाइबर और विटामिन-सी से युक्त केला त्वचा में कोलेजन को बढ़ा कर एजिंग प्रभाव को कम करने में मदद करता है और त्वचा को लोचदार बनाता है। इसका फेस पैक बनाने के लिये दो बड़े चम्मच बेसन में दो पके हुऐ केले मसलकर डाल दें। अब इसमें जरूरत के हिसाब से दूध या गुलाबजल डालकर अच्छी तरह पेस्ट तैयार कर लें। इसे 15 मिनट के लिये चेहरे पर लगायें। बाद में चेहरे को गुनगुने पानी से धो लें।

9. बेसन और नींबू रस (Besan and Lemon Juice)- नींबू विटामिन-सी का उत्तम श्रोत है जोकि अपने-आप में एंटीऑक्सीडेंट होता है। यह सूर्य की अल्ट्रा-वायलेट किरणों से बचाता है। बढ़ती उम्र के लक्षणों के प्रभाव को कम करता है। यह त्वचा के अंदर की सारी गंदगी को खींच कर बाहर निकाल देता है। दो बड़े चम्मच बेसन में एक चम्मच नींबू का रस और आधा चम्मच हल्दी पाउडर मिलायें और जरूरत के हिसाब से पानी मिलाकर पेस्ट बना लें। इसे चेहरे पर लगाकर छोड़ दें। 15-20 मिनट बाद जब यह सूख जाये तो चेहरा गुनगुने पानी से धो लें।

10. बेसन और गुलाब जल (Besan and Rose water)- दो बड़े चम्मच बेसन में केवल दो बड़े चम्मच गुलाबजल मिलाना है और कुछ भी नहीं मिलाना। फिर इसका पेस्ट बना लें। गुलाबजल में एंटी-बैक्टीरियल गुण होते हैं जो कील-मुंहासे पैदा करने वाले बैक्टीरिया से लड़ते हैं। मुंहासों के साथ-साथ झाईयां, दाग-धब्बे भी खत्म हो जायेंगे। इस पैक को चेहरे पर 20 मिनट के लिये लगा लें, बाद में पानी से साफ कर लें। हफ्ते में दो बार कर सकते हैं।

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11. बेसन और ग्रीन टी (Besan and Green Tea)- ग्रीन टी पीने के तो काम आती ही है हर प्रकार के स्वास्थ के लिये लाभदायक है। ग्रीन टी में एंटी-ऑक्सीडेंट गुण होते हैं जो पिगमेंटेशन, झुर्रियां आदि से बचाने में मदद करते हैं। एक कप गर्म पानी में एक ग्रीन टी बैग डाल दें। पांच मिनट बाद इस टी बैग को निकाल दें। दो बड़े चम्मच बेसन में ग्रीन टी का गर्म पानी मिला लें और एक छोटी चम्मच शहद भी मिला लें। फिर इसका पेस्ट बना लें। इस पैक को चेहरे पर लगायें, ध्यान रहे कि यह गर्म ना हो। 15 मिनट बाद पानी से धो लें। इसे आप हफ्ते में दो बार लगा सकते हैं।

12. बेसन और अंडा (Besan and Egg)- अंडा प्रोटीन से भरपूर होता है। यह शारीरिक और मानसिक स्वास्थ के अतिरिक्त त्वचा और बालों के स्वास्थ के लिये भी बहुत लाभदायक होता है। प्रोटीन त्वचा को स्वस्थ और सुंदर बनाता है। एक अंडा तोड़कर अच्छी तरह फेंट लें। इसे दो बड़े चम्मच बेसन में मिला दें और आधा चम्मच शहद भी डाल दें। इसको अच्छी तरह मिक्स करके पेस्ट बना लें। इस पैक को चेहरे पर लगायें, 15 मिनट के बाद पानी से साफ़ कर लें।

बेसन के फेस पैक लगाने से पहले कुछ टिप्स – Some Tips Before Applying Besan face pack

दोस्तो, हमने पिछले आर्टिकल में बताया था कि फेशियल की पांच स्टेजिज़ होती हैं। यहां भी, बेसन के फेस पैक लगाने से पहले आपको चार स्टेजिज़ से गुजरना होगा तभी आप अंतिम स्टेज तक पहुंचेंगे। विवरण निम्न प्रकार है –

1. क्लींजिंग (Cleansing)- सबसे पहले आपको त्वचा से मेकअप उतारना है, धूल-मिट्टी, तेल, टैनिंग आदि की सफाई करनी है। इसके लिये आप क्लींजर की जरूरत पड़ेगी। जो क्लींजर हमने पिछले आर्टिकल में बता रखे हैं, उनमें से कोई एक चुन कर क्लींजिंग का काम कर सकते हैं। 

2. स्क्रबिंग (Scrubbing)-  मृत कोशिकाओं को हटाने के लिये त्वचा को एक्सफोलिएट करना पड़ेगा। इसके लिये भी आप अपनी पसंद का प्राकृतिक स्क्रबर चुन सकते हैं।

3. स्‍टीमिंग (Streaming)- त्वचा को स्क्रब करने के बाद अब आपने चेहरे को 5 मिनट तक भाप देनी है। यह बहुत जरूरी है। इससे त्वचा के रोम छिद्र खुल जायेंगे और त्वचा के अंदर की सारी गंदगी बाहर आ जायेगी। इसके लिये फेशियल स्टीमर का इस्तेमाल कर सकते हैं या किसी बर्तन में पानी गर्म करके तौलिया की मदद से चेहरे को स्टीम दे सकते हैं। भाप के बाद रुई से चेहरा साफ करलें या मुलायम कपड़े से या नर्म साफ़ तौलिया से साफ़ कर लें।

4. मसाज (Massage)- स्‍टीमिंग के बाद, आप किसी भी हर्बल क्रीम से 10 मिनट के लिये त्वचा की मसाज कर सकते हैं। मसाज करने से त्वचा उत्तेजित होती है जिससे ब्लड सर्कुलेशन में सुधार होगा। माथे और आसपास की मांसपेशियां मजबूत बनेंगी। त्वचा में लचीलापन और निखार आ जायेगा। 

5. फेसपैक (Face Pack)- अब आप फेशियल की आखरी स्टेज पर हैं। जो भी आपने बेसन का फेस पैक बनाया है उसे अपने चेहरे पर लगा सकते हैं। 

बेसन फेस पैक के फायदे – Benefits of Besan Face Pack

1. बेसन त्वचा के त्वचा का पावर ऑफ हाइड्रोजन यानी पीएच पीएच स्तर में संतुलन बनाये रखने में मदद करता है।

2. यह त्वचा के अतिरिक्त तेल हटाये और उसे दुबार आने से रोके।

3. त्वचा के रोम छिद्रों को खोलकर अंदर से सफाई करे।

4. त्वचा से मृत कोशिकाओं को हटाये।

5. त्वचा का रंगत निखारे।

6. बेसन की ब्लीचिंग और एक्सफोलिएटिंग गुण त्वचा में चमक लाते हैं और ग्लोइंग बनाते हैं। 

7. बेसन को अच्छा ऑयल-कंट्रोलिंग इंग्रीडिएंट माना जाता है। यह त्वचा के मॉइश्चर को रेगुलेट करके मुलायम बनाता है।

8. कील-मुंहासों, दाग-धब्बों और टैनिंग को हटाने में मदद करे। बेसन के साथ अलग-अलग सामग्री मिलाकर अनेक  प्रकार के फेस पैक बना सकते हैं जो जिनसे त्वचा संबंधी समस्याऐं दूर हो जाती हैं।

Conclusion –

दोस्तो, आज के लेख में हमने आपको बेसन का फेस पैक बनाने का तरीका के बारे में विस्तार से जानकारी दी। बेसन क्या होता है, बेसन का महत्व क्या है, यह कितने प्रकार का होता है। बेसन के गुण क्या होते हैं, इन सब के बारे में भी विस्तार पूर्वक बताया। देसी हैल्थ क्लब ने इस लेख के माध्यम से बेसन के फेस पैक बनाने के बहुत सारे तरीके बताये, फेस पैक लगाने से पहले कुछ टिप्स दिये और बेसन फेस पैक के फायदे भी विस्तार पूर्वक बताये।  आशा है आपको ये लेख अवश्य पसन्द आयेगा।

दोस्तो, इस लेख से संबंधित यदि आपके मन में कोई शंका है, कोई प्रश्न है तो लेख के अंत में, Comment box में, comment करके अवश्य बताइये ताकि हम आपकी शंका का समाधान कर सकें और आपके प्रश्न का उत्तर दे सकें। और यह भी बताइये कि यह लेख आपको कैसा लगा। आप इस पोस्ट को अपने दोस्तों और  सगे – सम्बन्धियों के साथ भी शेयर कीजिये ताकि सभी इसका लाभ उठा सकें। दोस्तो, आप अपनी टिप्पणियां (Comments), सुझाव, राय कृपया अवश्य भेजिये ताकि हमारा मनोबल बढ़ सके। और हम आपके लिए ऐसे ही Health-Related Topic लाते रहें। धन्यवाद।

Disclaimer – यह लेख केवल जानकारी मात्र है। किसी भी प्रकार की हानि के लिये ब्लॉगर/लेखक उत्तरदायी नहीं है। कृपया डॉक्टर/विशेषज्ञ से सलाह ले लें।

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बेसन का फेस पैक बनाने का तरीका
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दोस्तो, आज के लेख में हमने आपको बेसन का फेस पैक बनाने का तरीका के बारे में विस्तार से जानकारी दी। बेसन क्या होता है, बेसन का महत्व क्या है, यह कितने प्रकार का होता है। बेसन के गुण क्या होते हैं, इन सब के बारे में भी विस्तार पूर्वक बताया।
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